EPFO New Rule 2026: EPFO ने नियमों में कर दिया बड़ा बदलाव, 1800 रुपए मासिक योगदान की सीमा तय

Staff Khabar
On: July 4, 2026 9:16 PM
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EPFO New Rule 2026: EPFO यानी एम्पलाइज प्रोविडेंट फंड ऑर्गेनाइजेशन के द्वारा नियमों में काफी बड़ा बदलाव कर दिया गया है। इपीएफओ ने प्रोविडेंट फंड में योगदान किये जाने की समय सीमा 1800 रुपए तय कर दिया है। यह योगदान ₹15000 वाली कानूनी सैलरी के लिमिट का 12% है। केंद्र सरकार के द्वारा इस स्कीम और अधिक स्पष्ट कर दिया गया है। ईपीएफओ के नए नियम के आधार पर आपकी बेसिक सैलरी अगर ₹100000 है तब भी आपको 1800 रुपए का प्रोविडेंट फंड अकाउंट में जमा करना होगा। एंपलॉयर को भी इतना योगदान करना पड़ेगा। 1800 रुपए से अधिक योगदान करना आपकी सुरक्षा पर निर्भर करेगा। 1800 रुपए से अधिक का योगदान स्वैच्छिक रहेगा।

EPFO New Rule 2026 क्या सही में हुआ है बदलाव

EPFO के नए नियम के आधार पर 15000 रुपए प्रति महीने की सैलरी पर नियोक्ता हर महीने 12% तक की कटौती कर पाएगा। यानी हर महीना 1800 रुपए का योगदान होगा। जो कर्मचारी रिटायरमेंट के बाद अधिक पैसों के बचत के बारे में सोच रहे हैं तो वह अधिक योगदान कर सकते हैं। लेकिन एंपलॉयर अधिक राशि भुगतान करने के लिए बाध्य बिल्कुल नहीं रहेगा। 1800 रुपए के ऊपर का भुगतान स्वैच्छिक रहेगा।

EPFO के लिए 12% का नियम क्या है

वर्तमान में कंपनियां अपने कर्मचारियों के बेसिक पे का 12% कटौती कर रहे हैं। जैसे किसी कर्मचारी का बेसिक पे ₹50000 है तो ₹6000 महीने का पीएफ कटता है। लेकिन नए नियम के अनुसार अब ऐसा नहीं होगा। कंपनियां सिर्फ 1800 रुपए कटौती कर पाएंगी और 1800 रुपए तक का योगदान कंपनियां करेगी।

EPFO के नए नियम से क्या इन हैंड सैलेरी जाएगी?

इपीएफओ के नए नियम से कर्मचारियों को फायदा भी हो रहा है और कर्मचारियों को नुकसान भी हो रहा है। वर्तमान समय में बेसिक पे पर 12% का लिमिट लग जाने की वजह से पीएफ ₹15000 के ज्यादा बेसिक वेतन पैर कट जाता था। लेकिन अब अधिकतम 1800 रुपए की लिमिट लग चुकी है।जिस वजह से कर्मचारियों को इन हैंड सैलरी में बढ़ोतरी हो सकती है।

ईपीएफओ के नए नियम से होने वाला नुकसान

कर्मचारी अपने रिटायरमेंट के समय अधिक पैसों की बचत करने की सोच रहे हैं उनको अब शैक्षिक रूप से ज्यादा योगदान करना पड़ेगा। अगर वह ऐसा नहीं करते हैं तो रिटायर हो जाने के बाद उनको कम पैसा मिलेगा। वर्तमान में ईपीएफओ के द्वारा 8.25% का ब्याज तय कर दिया गया है। जो कि सरकार के द्वारा चल रही कई प्रकार की सरकारी योजनाओं के ब्याज से अधिक है। कर्मचारी अपने तरफ से अगर योगदान अधिक करते हैं तो रिटायरमेंट के बाद और अपने रिटायरमेंट को और अधिक सुरक्षित बना सकते हैं।

EPFO के नए नियम के तहत और क्या हुआ बदलाव

इपीएफ स्कीम 2026 के नए नियम के आधार पर एडवांस विड्रोल की लिमिट अब 13 बार से घटाते हुए तीन बार कर दिया गया है। जरूरी आवश्यकता होने पर विशेष अवसर पर एडवांस विड्राल आसानी से कर पाएंगे। सदस्य जमा धनराशि का 100% बैलेंस निकाल पाएंगे। लेकिन यह ध्यान रखना जरूरी है कि आपका प्रोविडेंट फंड के अकाउंट में कम से कम 25% का पैसा होना आवश्यक है।

EPFO यूनिफाइड मेंबर पोर्टल किया लॉन्च

कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के द्वारा पोर्टल को अपडेट किया गया है। एम्पलाइज प्रोविडेंट फंड ऑर्गेनाइजेशन यानी कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के द्वारा सिस्टम अपग्रेड हो जाने के बाद यूनिफाइड मेंबर पोर्टल को लांच कर दिया गया है। लगभग इसमें पूरे 1 सप्ताह का वक्त लगा है। ईपीएफओ का यूनिफाइड मेंबर पोर्टल अब नए इंटरफेस के साथ अपडेट हुआ है और अब ऑनलाइन हो चुका है। वेबसाइट पर कई बड़े बदलाव दिखे हैं। UAN से जुड़े दो महत्वपूर्ण काम अब आप ईपीएफओ के वेबसाइट पर नहीं कर सकेंगे। UAN अलॉटमेंट के विकल्प को बंद किया गया है। इस सर्विस को उमंग एप पर शिफ्ट कर दिया गया है। जहां आधार बेस्ट फेस ऑथेंटिकेशन का प्रयोग करते हुए अपने UAN को जनरेट कर पाएंगे। अगर आप UAN भूल चुके हैं तो उसको वापस पाने की प्रक्रिया को और आसान सरल बना दिया गया है।

Ashutosh Singh

Ashutosh Singh is a Content Writer at StaffKhabar.in, He writes on Government Employee News, Education News, Notification, Answer Key And Result Update, Recruitment, UPTET CTET News, and Schemes etc. helping readers stay informed with clear and reliable information.

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